सस्ते चीनी स्मार्टफोन पर नहीं है रोक, भारत सरकार ने कहा- ऐसा कोई प्रस्ताव नहीं

भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मोबाइल बाजार है। भारत के मोबाइल बाजार में चीनी कंपनियों का दबदबा है, जिससे घरेलू मोबाइल कंपनियों को काफी नुकसान हो रहा है। हाल ही में ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट में कहा गया था कि 12000 रुपये से कम कीमत वाले चीनी स्मार्टफोन्स को भारत में बैन किया जा सकता है। लेकिन अब भारत सरकार के शीर्ष अधिकारियों ने इस पर अपना रुख स्पष्ट करते हुए कहा है कि सरकार की चीनी कंपनियों को स्मार्टफोन बाजार से प्रतिबंधित करने की कोई योजना नहीं है।

भारत में 12,000 रुपये से कम के चीनी स्मार्टफोन पर प्रतिबंध लगाने से जुड़ी खबरों पर इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा कि उनके पास ऐसा कोई प्रस्ताव विचार के लिए नहीं आया है।

काउंटरपॉइंट रिसर्च के आंकड़ों के मुताबिक, Xiaomi, Realme, Oppo और Vivo जैसी चीनी कंपनियों ने जून तिमाही में भारतीय स्मार्टफोन बाजार में 63% हिस्सेदारी हासिल की। ज्यादातर चीनी कंपनियां अपने फोन भारत में बनाती हैं।

उद्योग के सूत्रों ने बताया कि लाइव मिंट ने सरकार को भारतीय बाजार में लावा, माइक्रोमैक्स, कार्बन और इंटेक्स जैसी कंपनियों की घटती हिस्सेदारी की जानकारी दी है। भारत की स्मार्टफोन बिक्री में लावा और माइक्रोमैक्स जैसी घरेलू कंपनियों की हिस्सेदारी आधे से भी कम है।
हालांकि, इनमें से कई कंपनियों के पास न तो मैन्युफैक्चरिंग स्केल है और न ही मार्केटिंग वे चीनी कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धा करने में सक्षम हैं।