India News Agency
Begin typing your search above and press return to search.

भारतीय शेयर बाजार पर विदेशी निवेशकों का दबदबा, जुलाई में शेयरों में किया 4,989 करोड़ रुपये का निवेशI

विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (FPI) लगातार नौ महीने तक बिकवाली के बाद भारतीय शेयर बाजारों में लौट आए हैं। जुलाई में

भारतीय शेयर बाजार पर फिदा हुए विदेशी निवेशक, जुलाई में शेयरों में लगा डाले 4,989 करोड़ रुपये

Indianews@agencyBy : Indianews@agency

  |  2022-07-31T22:35:34+05:30

भारतीय शेयर बाजार पर फिदा हुए विदेशी निवेशक, जुलाई में शेयरों में लगा डाले 4,989 करोड़ रुपये

विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (FPI) लगातार नौ महीने तक बिकवाली के बाद भारतीय शेयर बाजारों में लौट आए हैं। जुलाई में एफपीआई ने शेयर बाजारों में करीब 5,000 करोड़ रुपये का निवेश किया है। डॉलर इंडेक्स में नरमी और कंपनियों के बेहतर तिमाही नतीजों के बाद एफपीआई एक बार फिर खरीदार बन गए हैं। इससे पहले जून में एफपीआई ने इक्विटी से 50,145 करोड़ रुपये निकाले थे। मार्च 2020 के बाद किसी एक महीने में यह सबसे अधिक निकासी है। उस समय एफपीआई ने भारतीय स्टॉक एक्सचेंजों से 61,973 करोड़ रुपये निकाले थे।

क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
यस सिक्योरिटीज के प्रिंसिपल एनालिस्ट-इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज हितेश जैन का मानना ​​है कि अगस्त में भी एफपीआई इनफ्लो पॉजिटिव रहेगा। इसका कारण यह है कि रुपये का सबसे खराब समय बीत चुका है और कच्चे तेल की कीमतें भी एक दायरे में कारोबार कर रही हैं। इसके अलावा भारतीय कंपनियों के तिमाही नतीजे भी बेहतर रहे हैं।
डिपॉजिटरी डेटा के मुताबिक, FPI ने जुलाई में भारतीय शेयर बाजारों में शुद्ध रूप से 4,989 करोड़ रुपये का निवेश किया। वह महीने के नौ दिनों के लिए एक शुद्ध खरीदार था। इससे पहले एफपीआई लगातार नौ महीनों से बिकवाली कर रहे थे। पिछले साल अक्टूबर से इस साल जून तक उन्होंने भारतीय स्टॉक एक्सचेंजों से 2.46 लाख करोड़ रुपये निकाले हैं।

बांड बाजार से 2,056 करोड़ रुपये की निकासी
मॉर्निंगस्टार इंडिया के एसोसिएट डायरेक्टर-मैनेजर रिसर्च हिमांशु श्रीवास्तव ने कहा, 'जुलाई में एफपीआई इनफ्लो की वजह फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल का बयान है। पॉवेल ने कहा कि अमेरिका अभी मंदी में नहीं है। पॉवेल के बयान से धारणा में सुधार हुआ है और वैश्विक स्तर पर निवेशक अब जोखिम लेने के लिए तैयार हैं। हालांकि, जुलाई में एफपीआई ने बांड बाजार से 2,056 करोड़ रुपये डेबिट या निकाले। श्रीवास्तव का मानना ​​है कि यह अनुमान लगाने में कुछ समय लगेगा कि एफपीआई का आगे क्या रुख होगा।

हिन्दी में देश दुनिया भर कि ताजा खबरों के लिए लिंक पर क्लिक करें india News.Agency

Next Story